आज़ाद भारत का पहला आतंकवादी नाथूराम गोडसे था

आज़ाद भारत का पहला आतंकवादी नाथूराम गोडसे था

आज़ाद भारत का पहला आतंकवादी नाथूराम गोडसे था


नाथूराम गोडसे को सही ठहराने वाले देश के गद्दार: आफ़ाक़


रिज़वान मुनीर/ संवादाता र
लखनऊ: राष्ट्रीय सामाजिक कार्यकर्ता संगठन के कन्वीनर मोहम्मद अफ़ाक ने कहा कि आज़ाद भारत का पहला आतंकवादी नाथूराम गोडसे था। उन्होंने कहा कि भारत में जितने भी महान नेताओं की हत्या हुई है, उन सभी का हत्यारा एक भी मुसलमान नहीं। इसके बावजूद आतंकवाद का इल्ज़ाम मुसलमानों पर लगाया जाता है, जो बर्दाश्त के बाहर है। उन्होंने कहा कि महात्मा गांधी ने भारत के लोगों में आज़ादी की तड़प जगाई। उनके विचारों और सिद्धांतों ने न सिर्फ़ भारत में बल्कि पूरी दुनिया में लोगों को प्रभावित किया।गांधीजी के जीवन में ऐसे कई मौके आए जब उन्होंने अपने भाषणों से लोगों का दिल जीता और उन्हें एक नई राह दिखाई। पूरे देश और दुनिया ने गांधी को माना। उन्होंने कहा कि जब गांधीजी को गोली मारी गई। तो उन्होंने है राम कहा। देश के पहले आतंकवादी नाथूराम गोडसे ने जो किया, उसे सही ठहराने वाले देशद्रोही हैं। गांधीजी का मानना था कि किसी भी देश के विकास का राज़ उसके लोगों की एकता और नैतिक उसूलों में है। उनके अनुसार, धर्म का पालन करना और दूसरों के अधिकारों का सम्मान करना एक सफल समाज का आधार है। उन्होंने कहा कि अगर भारतीय अपने धर्म और अपने कर्तव्यों का पालन करते रहें, तो भारत एक आदर्श देश बन सकता है।